आइए जानते हैं शुक्रवार, 4 सितम्बर 2026 का पूर्ण पंचांग – तिथि, नक्षत्र, योग, करण, वार, सूर्योदय-सूर्यास्त, राहुकाल एवं शुभ मुहूर्त।
तिथि
कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि – रात्रि 12:14 (5 सितम्बर) बजे तक, तत्पश्चात नवमी तिथि आरंभ।
नक्षत्र
रोहिणी नक्षत्र – रात्रि 11:04 बजे तक, तत्पश्चात मृगशिरा नक्षत्र आरंभ।
योग
हर्षण योग – दोपहर 03:44 बजे तक, तत्पश्चात वज्र योग आरंभ।
करण
बालव करण – दोपहर 01:21 बजे तक, तत्पश्चात कौलव करण – रात्रि 12:14 (5 सितम्बर) बजे तक, तत्पश्चात तैतिल करण आरंभ।
वार
शुक्रवार। पक्ष: कृष्ण पक्ष। चंद्रमास: भाद्रपद। चंद्र राशि: वृषभ। विक्रम संवत् 2083 सिद्धार्थी।
सूर्योदय व सूर्यास्त
सूर्योदय: प्रातः 06:00 बजे
सूर्यास्त: सायं 06:40 बजे
राहुकाल एवं अन्य अशुभ काल
राहुकाल: प्रातः 10:45 – दोपहर 12:20 बजे। यमगण्ड: दोपहर 03:30 – सायं 05:05 बजे। गुलिक काल: प्रातः 07:35 – प्रातः 09:10 बजे।
शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:29 – प्रातः 05:14 बजे। अभिजित मुहूर्त: प्रातः 11:54 – दोपहर 12:45 बजे। विजय मुहूर्त: दोपहर 02:26 – दोपहर 03:17 बजे।
व्रत एवं पर्व
आज भाद्रपद कृष्ण अष्टमी है – श्रीकृष्ण जन्माष्टमी (वैष्णव मत)। मध्यरात्रि में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाया जाएगा। दिनभर उपवास रखकर रात्रि 12 बजे पूजन एवं पंजीरी का भोग अर्पित करें।
यह पंचांग दिल्ली, एनसीआर के समय अनुसार गणना किया गया है। स्थान के अनुसार समय में थोड़ा अंतर संभव है।
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