विवाह विलम्ब योग होने पर ज्योतिषी के परामर्शानुसार समय पर विवाह संस्कार हेतु प्रयास करना चाहिए ।
विहंगमः पक्षद्वयेन भूषितः,उड्डीयते व्योम्नि सूखेच्छ्या यथा । तथा गृहस्थस्य गृहस्य शोभा प्रजायते यत्र द्वयो अस्ति सौहृदः ॥ अर्थात् जिस प्रकार पक्षी अपने दो पंखों के मेल से भूषित होने पर…
